[{"data":1,"prerenderedAt":-1},["ShallowReactive",2],{"platform-features":3,"guide-kaziranga":4},true,{"sources":5,"related":10,"reviewedOn":15,"text":16},[6,7,8,9],"incredible-india","assam-tourism","unesco","imd",[11,12,13,14],"meghalaya","tawang","darjeeling","jim-corbett","2026-10-04",{"en":17,"hi":59,"mr":101},{"overview":18,"bestTime":19,"reachAir":20,"reachRail":21,"reachRoad":22,"stay":23,"highlights":24,"food":43,"tips":44,"faqs":49},"Kaziranga National Park in Assam is a UNESCO World Heritage Site on the plains of the Brahmaputra, famous for the greater one-horned rhinoceros. Tall elephant grass, wetlands and forest also shelter wild water buffalo, elephants, swamp deer, many bird species and a good population of tigers. Plan two to three days.","The park is generally open from about November to April and closed during the monsoon, when the Brahmaputra floods the plains. Exact opening dates change with conditions, so check with the park authorities before booking. The cooler months give the best chances of seeing wildlife.","The nearest airport is Jorhat, roughly 95 km from the park, and Guwahati is about 190 km away with many more flights. Both need a road transfer.","Furkating is the nearest railhead, and Guwahati is the main railhead for most visitors. From either, taxis and buses continue to Kohora, the park's central range.","The park lies along National Highway 715 and is reached from Guwahati in around five to six hours by road. Taxis and buses serve Kohora, where most visitors base themselves.","Most lodges and homestays are near Kohora, close to the central range, with others along the highway. Book early for the peak season from December to March, and choose places that follow responsible wildlife practices.",[25,28,31,34,37,40],{"name":26,"text":27},"Central Range (Kohora)","The most visited section of the park, with open grassland where rhinos and other wildlife are often seen.",{"name":29,"text":30},"Jeep safari","Jeep safaris are the main way to see wildlife, led by a guide on set routes. Slots and permits are arranged through the park system, so book through official channels.",{"name":32,"text":33},"Elephant safari","Elephant-back rides have long been offered in the early morning for close views of rhinos. Check what is currently offered, as arrangements can change.",{"name":35,"text":36},"Greater one-horned rhinoceros","Kaziranga holds a large share of the world's population of this species, which is often seen grazing in open grassland.",{"name":38,"text":39},"Birdwatching","Wetlands and grasslands attract resident birds and, in winter, migratory species, which can be seen from safari routes.",{"name":41,"text":42},"Tea gardens of Assam","Assam's tea estates lie in the surrounding region and make for a pleasant stop on the way to or from the park.","Assamese food is simple and often built around rice, fish and greens. Try maach tenga, a light sour fish curry, and pitika, mashed vegetables or fish mixed with mustard oil. Assam tea is widely available, and lodges usually serve both Assamese and general Indian meals.",[45,46,47,48],"Follow your guide's instructions and stay inside the vehicle during safaris; never get out or approach animals.","Check current opening dates, safari arrangements and permits before booking, as these can change with weather and park rules.","Keep noise low, avoid bright clothing and do not litter or feed animals.","Choose lodges and operators that follow responsible wildlife practices and support local communities.",[50,53,56],{"q":51,"a":52},"When is Kaziranga open?","It is generally open from about November to April and closed in the monsoon. Exact dates vary, so confirm with the park authorities before you book.",{"q":54,"a":55},"Can I see tigers at Kaziranga?","The park has a good population of tigers, but sightings are rare because of the tall grass. Rhinos, elephants and buffalo are far more commonly seen.",{"q":57,"a":58},"Which airport is nearest?","Jorhat is the nearest, about 95 km away, and Guwahati is about 190 km away with more flight options. Both require a road transfer.",{"overview":60,"bestTime":61,"reachAir":62,"reachRail":63,"reachRoad":64,"stay":65,"highlights":66,"food":85,"tips":86,"faqs":91},"असम का काज़ीरंगा राष्ट्रीय उद्यान ब्रह्मपुत्र के मैदानों पर स्थित यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल है, जो एक सींग वाले बड़े गैंडे के लिए प्रसिद्ध है। ऊँची हाथी घास, आर्द्रभूमि और जंगल में जंगली भैंसे, हाथी, दलदली हिरण, पक्षियों की कई प्रजातियाँ और बाघों की अच्छी आबादी भी रहती है। दो से तीन दिन की योजना बनाएँ।","उद्यान आमतौर पर लगभग नवंबर से अप्रैल तक खुला रहता है और मानसून में बंद रहता है, जब ब्रह्मपुत्र मैदानों में बाढ़ ला देती है। खुलने की सटीक तारीख़ें परिस्थितियों के अनुसार बदलती हैं, इसलिए बुकिंग से पहले उद्यान प्रशासन से जाँच लें। ठंडे महीनों में वन्यजीव दिखने की संभावना सबसे अच्छी रहती है।","सबसे नज़दीकी हवाई अड्डा जोरहाट है, जो उद्यान से लगभग 95 किमी दूर है, और गुवाहाटी लगभग 190 किमी दूर है जहाँ कहीं अधिक उड़ानें हैं। दोनों से आगे सड़क से जाना पड़ता है।","फुरकेटिंग सबसे नज़दीकी रेलवे स्टेशन है, और अधिकांश यात्रियों के लिए गुवाहाटी मुख्य स्टेशन है। दोनों से टैक्सियाँ और बसें उद्यान की मध्य रेंज कोहोरा तक जाती हैं।","उद्यान राष्ट्रीय राजमार्ग 715 के किनारे है और गुवाहाटी से सड़क मार्ग से लगभग पाँच से छह घंटे में पहुँचा जाता है। कोहोरा के लिए टैक्सियाँ और बसें चलती हैं, जहाँ अधिकांश यात्री ठहरते हैं।","अधिकांश लॉज और होमस्टे कोहोरा के पास, मध्य रेंज के निकट हैं, और कुछ राजमार्ग के किनारे हैं। दिसंबर से मार्च के चरम मौसम के लिए जल्दी बुक करें, और ऐसी जगहें चुनें जो ज़िम्मेदार वन्यजीव पद्धतियों का पालन करती हों।",[67,70,73,76,79,82],{"name":68,"text":69},"मध्य रेंज (कोहोरा)","उद्यान का सबसे अधिक देखा जाने वाला हिस्सा, जिसके खुले घास के मैदानों में गैंडे और अन्य वन्यजीव अक्सर दिखते हैं।",{"name":71,"text":72},"जीप सफ़ारी","वन्यजीव देखने का मुख्य तरीक़ा जीप सफ़ारी है, जो गाइड के साथ तय मार्गों पर होती है। स्लॉट और अनुमतियाँ उद्यान की व्यवस्था से मिलती हैं, इसलिए आधिकारिक माध्यमों से बुक करें।",{"name":74,"text":75},"हाथी सफ़ारी","गैंडों को क़रीब से देखने के लिए सुबह-सुबह हाथी की सवारी लंबे समय से होती रही है। वर्तमान में क्या उपलब्ध है, यह जाँच लें, क्योंकि व्यवस्थाएँ बदल सकती हैं।",{"name":77,"text":78},"एक सींग वाला बड़ा गैंडा","काज़ीरंगा में इस प्रजाति की दुनिया की आबादी का बड़ा हिस्सा रहता है, जो अक्सर खुले घास के मैदान में चरता दिखता है।",{"name":80,"text":81},"पक्षी दर्शन","आर्द्रभूमि और घास के मैदान स्थानीय पक्षियों को और सर्दियों में प्रवासी प्रजातियों को आकर्षित करते हैं, जिन्हें सफ़ारी मार्गों से देखा जा सकता है।",{"name":83,"text":84},"असम के चाय बागान","असम के चाय बागान आसपास के क्षेत्र में हैं और उद्यान आते-जाते समय सुखद पड़ाव बनते हैं।","असमिया भोजन सादा होता है और अक्सर चावल, मछली और साग पर आधारित होता है। माछ टेंगा, यानी हल्की खट्टी मछली की करी, और पिटिका, यानी सरसों के तेल में मिलाई गई मसली सब्ज़ियाँ या मछली, आज़माएँ। असम की चाय आसानी से मिलती है, और लॉज में आमतौर पर असमिया और सामान्य भारतीय भोजन दोनों परोसे जाते हैं।",[87,88,89,90],"सफ़ारी के दौरान गाइड के निर्देशों का पालन करें और वाहन के भीतर रहें; कभी बाहर न उतरें और जानवरों के पास न जाएँ।","बुकिंग से पहले खुलने की वर्तमान तारीख़ें, सफ़ारी व्यवस्थाएँ और अनुमतियाँ जाँच लें, क्योंकि ये मौसम और उद्यान के नियमों के साथ बदल सकती हैं।","शोर कम रखें, चटक रंग के कपड़ों से बचें और कचरा न फैलाएँ या जानवरों को खाना न दें।","ऐसे लॉज और संचालक चुनें जो ज़िम्मेदार वन्यजीव पद्धतियों का पालन करते हों और स्थानीय समुदायों का साथ देते हों।",[92,95,98],{"q":93,"a":94},"काज़ीरंगा कब खुला रहता है?","यह आमतौर पर लगभग नवंबर से अप्रैल तक खुला रहता है और मानसून में बंद रहता है। सटीक तारीख़ें बदलती हैं, इसलिए बुकिंग से पहले उद्यान प्रशासन से पुष्टि करें।",{"q":96,"a":97},"क्या काज़ीरंगा में बाघ दिख सकते हैं?","उद्यान में बाघों की अच्छी आबादी है, लेकिन ऊँची घास के कारण वे कम दिखते हैं। गैंडे, हाथी और भैंसे कहीं अधिक आम तौर पर दिखते हैं।",{"q":99,"a":100},"सबसे नज़दीकी हवाई अड्डा कौन-सा है?","जोरहाट सबसे नज़दीक है, लगभग 95 किमी दूर, और गुवाहाटी लगभग 190 किमी दूर है जहाँ उड़ानों के अधिक विकल्प हैं। दोनों से सड़क से जाना पड़ता है।",{"overview":102,"bestTime":103,"reachAir":104,"reachRail":105,"reachRoad":106,"stay":107,"highlights":108,"food":127,"tips":128,"faqs":133},"आसाममधील काझीरंगा राष्ट्रीय उद्यान हे ब्रह्मपुत्रेच्या मैदानावरील युनेस्को जागतिक वारसा स्थळ असून एकशिंगी मोठ्या गेंड्यासाठी प्रसिद्ध आहे. उंच हत्ती गवत, पाणथळ जागा आणि जंगलात रानम्हशी, हत्ती, दलदलीतील हरीण, पक्ष्यांच्या अनेक प्रजाती आणि वाघांची चांगली संख्याही आढळते. दोन ते तीन दिवसांचे नियोजन करा.","उद्यान साधारणपणे नोव्हेंबर ते एप्रिल या काळात खुले असते आणि पावसाळ्यात बंद असते, जेव्हा ब्रह्मपुत्रा मैदानांना पुराने वेढते. खुले होण्याच्या नेमक्या तारखा परिस्थितीनुसार बदलतात, म्हणून आरक्षणापूर्वी उद्यान प्रशासनाकडे तपासा. थंडीच्या महिन्यांत वन्यजीव दिसण्याची शक्यता सर्वाधिक असते.","सर्वात जवळचे विमानतळ जोरहाट आहे, जे उद्यानापासून सुमारे ९५ किमी अंतरावर आहे, आणि गुवाहाटी सुमारे १९० किमी अंतरावर असून तेथे खूप जास्त विमाने आहेत. दोन्हींपासून पुढे रस्त्याने जावे लागते.","फुरकेटिंग हे सर्वात जवळचे रेल्वे स्थानक आहे, आणि बहुतेक पर्यटकांसाठी गुवाहाटी हे मुख्य स्थानक आहे. दोन्हींपासून टॅक्सी आणि बस उद्यानाच्या मध्य विभागातील कोहोरापर्यंत जातात.","उद्यान राष्ट्रीय महामार्ग ७१५ च्या कडेला असून गुवाहाटीहून रस्त्याने सुमारे पाच ते सहा तासांत पोहोचता येते. कोहोरासाठी टॅक्सी आणि बस धावतात, जिथे बहुतेक पर्यटक मुक्काम करतात.","बहुतेक लॉज आणि होमस्टे कोहोराजवळ, मध्य विभागाच्या जवळ आहेत, आणि काही महामार्गाच्या कडेला आहेत. डिसेंबर ते मार्च या गर्दीच्या हंगामासाठी लवकर आरक्षण करा, आणि जबाबदार वन्यजीव पद्धतींचे पालन करणारी ठिकाणे निवडा.",[109,112,115,118,121,124],{"name":110,"text":111},"मध्य विभाग (कोहोरा)","उद्यानाचा सर्वाधिक पाहिला जाणारा भाग, ज्याच्या खुल्या गवताळ प्रदेशात गेंडे आणि इतर वन्यजीव अनेकदा दिसतात.",{"name":113,"text":114},"जीप सफारी","वन्यजीव पाहण्याचा मुख्य मार्ग जीप सफारी आहे, जी मार्गदर्शकासह ठरलेल्या मार्गांवर होते. वेळा आणि परवानग्या उद्यानाच्या व्यवस्थेतून मिळतात, म्हणून अधिकृत माध्यमांतून आरक्षण करा.",{"name":116,"text":117},"हत्ती सफारी","गेंड्यांना जवळून पाहण्यासाठी पहाटे हत्तीवरील सफर अनेक वर्षांपासून होत आली आहे. सध्या काय उपलब्ध आहे ते तपासा, कारण व्यवस्था बदलू शकतात.",{"name":119,"text":120},"एकशिंगी मोठा गेंडा","काझीरंगात या प्रजातीच्या जगातील संख्येचा मोठा हिस्सा आढळतो, जो अनेकदा खुल्या गवताळ प्रदेशात चरताना दिसतो.",{"name":122,"text":123},"पक्षिनिरीक्षण","पाणथळ जागा आणि गवताळ प्रदेश स्थानिक पक्ष्यांना आणि हिवाळ्यात स्थलांतरित प्रजातींना आकर्षित करतात, जे सफारी मार्गांवरून पाहता येतात.",{"name":125,"text":126},"आसामचे चहाचे मळे","आसामचे चहाचे मळे आजूबाजूच्या परिसरात आहेत आणि उद्यानाला जाताना किंवा येताना सुखद थांबा ठरतात.","आसामी जेवण साधे असते आणि अनेकदा भात, मासे आणि पालेभाज्यांवर आधारित असते. माछ टेंगा, म्हणजे हलकी आंबट माशांची आमटी, आणि पिटिका, म्हणजे मोहरीच्या तेलात कालवलेल्या कुस्करलेल्या भाज्या किंवा मासे, चाखून पाहा. आसामचा चहा सहज मिळतो, आणि लॉजमध्ये सहसा आसामी तसेच सामान्य भारतीय जेवण दिले जाते.",[129,130,131,132],"सफारीदरम्यान मार्गदर्शकाच्या सूचना पाळा आणि वाहनातच राहा; कधीही खाली उतरू नका आणि प्राण्यांजवळ जाऊ नका.","आरक्षणापूर्वी खुले होण्याच्या सध्याच्या तारखा, सफारी व्यवस्था आणि परवानग्या तपासा, कारण त्या हवामान आणि उद्यानाच्या नियमांनुसार बदलू शकतात.","आवाज कमी ठेवा, भडक रंगाचे कपडे टाळा आणि कचरा टाकू नका किंवा प्राण्यांना खाऊ घालू नका.","जबाबदार वन्यजीव पद्धतींचे पालन करणारे आणि स्थानिक समुदायांना साथ देणारे लॉज व संचालक निवडा.",[134,137,140],{"q":135,"a":136},"काझीरंगा कधी खुले असते?","ते साधारणपणे नोव्हेंबर ते एप्रिल या काळात खुले असते आणि पावसाळ्यात बंद असते. नेमक्या तारखा बदलतात, म्हणून आरक्षणापूर्वी उद्यान प्रशासनाकडे खात्री करा.",{"q":138,"a":139},"काझीरंगात वाघ दिसू शकतात का?","उद्यानात वाघांची चांगली संख्या आहे, पण उंच गवतामुळे ते क्वचित दिसतात. गेंडे, हत्ती आणि म्हशी खूपच जास्त वेळा दिसतात.",{"q":141,"a":142},"सर्वात जवळचे विमानतळ कोणते?","जोरहाट सर्वात जवळ आहे, सुमारे ९५ किमी अंतरावर, आणि गुवाहाटी सुमारे १९० किमी अंतरावर असून तेथे विमानांचे अधिक पर्याय आहेत. दोन्हींपासून रस्त्याने जावे लागते."]